रजनीकांत अवस्थी
शिवगढ़/रायबरेली: शिवगढ़ थाना क्षेत्र के गूढ़ा ओसाह संपर्क मार्ग पर सैमरगंज मजरे भौसी - नारायनपुर के मध्य स्थित माइनर के पास एकोलिफ्ट्स की बाग में 5 विशालकाय अजगर निकलने से गांव में हड़कम्प मच गया। ग्रामीणों की सूचना पर जब तक वन विभाग की टीम पहुंचती तब तक शोर-शराबा सुनकर पांचों अजगर बाग में स्थित झाड़ियों में घुस गए। वन विभाग की टीम ने अजगरों को काफी खोजने की कोशिश की किंतु एक भी अजगर नजर नहीं आया।
आपको बता दें कि, बृहस्पतिवार को प्रातः काल करीब साढे 10 बजे धूप निकलने पर एकोलिप्टस की बाग से निकलकर अजगर धूप सेक रहे थे। जिनमें से चार विशालकाय अजगर जमीन पर बैठे थे तो वहीं करीब 8 फुट लंबा अजगर का बच्चा एकोलिप्टस के पेड़ पर चढ़ा था। जिन्हें देखकर खेतों की रखवाली कर रहे किसानों के होश उड़ गए। वे भागकर गांव आए किसानों ने जिसकी सूचना ग्रामीणों को दी।
अजगर निकलने की खबर से कुछ ही पलों में मौके पर लोगों का मजमा लग गया। ग्रामीणों द्वारा वन विभाग को सूचना दी गई किंतु जब तक वन विभाग की टीम पहुंचती, लोगों की आवाज एवं शोर-शराबा सुनकर पांचों अजगर यूकेलिप्टस की बाग में स्थित झाड़ियों में छुप गए।
लोगों की सूचना पर आनन-फानन में वन विभाग की टीम से पहुंचे श्याम बाबू वर्मा व रामचंद्र यादव ने अजगरों को काफी खोजने की कोशिश की किंतु अजगरों का पता नहीं चल सका। श्याम बाबू वर्मा ने बताया कि, झाड़ियों के बीच में स्थित बिलों में अजगरों के छुपे होने की संभावना है। वहीं बाग मालिक का कहना है कि, पिछले कई वर्षों से अजगर बाग में रहते हैं किंतु अभी तक किसी को कोई नुकसान नहीं पहुंचाया है।
शिवगढ़/रायबरेली: शिवगढ़ थाना क्षेत्र के गूढ़ा ओसाह संपर्क मार्ग पर सैमरगंज मजरे भौसी - नारायनपुर के मध्य स्थित माइनर के पास एकोलिफ्ट्स की बाग में 5 विशालकाय अजगर निकलने से गांव में हड़कम्प मच गया। ग्रामीणों की सूचना पर जब तक वन विभाग की टीम पहुंचती तब तक शोर-शराबा सुनकर पांचों अजगर बाग में स्थित झाड़ियों में घुस गए। वन विभाग की टीम ने अजगरों को काफी खोजने की कोशिश की किंतु एक भी अजगर नजर नहीं आया।
आपको बता दें कि, बृहस्पतिवार को प्रातः काल करीब साढे 10 बजे धूप निकलने पर एकोलिप्टस की बाग से निकलकर अजगर धूप सेक रहे थे। जिनमें से चार विशालकाय अजगर जमीन पर बैठे थे तो वहीं करीब 8 फुट लंबा अजगर का बच्चा एकोलिप्टस के पेड़ पर चढ़ा था। जिन्हें देखकर खेतों की रखवाली कर रहे किसानों के होश उड़ गए। वे भागकर गांव आए किसानों ने जिसकी सूचना ग्रामीणों को दी।
अजगर निकलने की खबर से कुछ ही पलों में मौके पर लोगों का मजमा लग गया। ग्रामीणों द्वारा वन विभाग को सूचना दी गई किंतु जब तक वन विभाग की टीम पहुंचती, लोगों की आवाज एवं शोर-शराबा सुनकर पांचों अजगर यूकेलिप्टस की बाग में स्थित झाड़ियों में छुप गए।
लोगों की सूचना पर आनन-फानन में वन विभाग की टीम से पहुंचे श्याम बाबू वर्मा व रामचंद्र यादव ने अजगरों को काफी खोजने की कोशिश की किंतु अजगरों का पता नहीं चल सका। श्याम बाबू वर्मा ने बताया कि, झाड़ियों के बीच में स्थित बिलों में अजगरों के छुपे होने की संभावना है। वहीं बाग मालिक का कहना है कि, पिछले कई वर्षों से अजगर बाग में रहते हैं किंतु अभी तक किसी को कोई नुकसान नहीं पहुंचाया है।



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