रायबरेली से बड़ी खबर: एक ही गांव में चार कोरोना पॉजिटिव मिलने से क्षेत्र में फैली दहशत।। Raebareli news ।।

रजनीकांत अवस्थी
महराजगंज/रायबरेली: विगत 15 तारीख को मुंबई से एक साथ लौटे चार युवकों के करोना पॉजिटिव पाए जाने पर यहां हड़कंप मच गया है। कल से स्वास्थ्य, प्रशासन, पुलिस की टीमें लगातार गांव का दौरा कर रही हैं। मुख्य गांव सहित इसके पांचो मजरों को सील कर दिया गया है। स्वास्थ्य परीक्षण के लिए 90 लोगों की टीमें बनाकर सर्वे का काम शुरू कर दिया गया है। लोगों के स्वास्थ की प्रारंभिक जांच की जा रही है। गांव और पुरवो को आने जाने वाले 27 स्थानों पर बैरीकेटिग दी गई है। वहीं बडी तादाद में पुलिस बल को यहां तैनात किया गया है। अब गांव में ना तो कोई बाहरी अंदर आ सकता है और ना ही गांव से किसी को बाहर जाने दिया जा रहा है।
      आपको बता दें कि, स्वास्थ्य प्रशासन इस बात की भी जांच पड़ताल कर रहा है, कि पूरे गांव में कितने लोगों को सर्दी जुखाम बुखार के लक्षण दिखाई दे रहे हैं। उन सब को भी क्वॉरेंटाइन करके उनकी जांच की जाएगी। इस गांव में कोरौना के 4 मरीज पाए जाने से आसपास इलाकों सहित पूरे महराजगंज तहसील में हड़कंप मच गया है।  गांव में रात से ही एसडीएम विनय कुमार सिंह, सीओ राघवेंद्र चतुर्वेदी, प्रभारी स्वास्थ्य अधीक्षक डॉक्टर भावेश कुमार यादव, कोतवाली प्रभारी अरुण कुमार सिंह, तहसीलदार विनोद कुमार सिंह, नायब तहसीलदार आरके वर्मा, बीडीओ  प्रवीण कुमार पटेल मौके पर पहुंच गए हैं।
     विदित हो कि, कैर गांव के रहने वाले चार युवक मुंबई से 15 तारीख को ही घर लौटे थे। उनके अंदर कोरोना के लक्षण नजर आने पर उनके सैंपल लेकर भेजे गए थे, जहां प्रयोगशाला से चारों के लक्षण पॉजिटिव पाए जाने पर देर रात उन्हें गांव से स्वास्थ्य विभाग की टीम ने ले जाकर रायन इंटरनेशनल स्कूल जहां लेवल वन का चिकित्सालय बनाया गया है, वहां दाखिल कर दिया गया है।
       इसके अतिरिक्त तीन अन्य लोगों के लक्षण निगेटिव पाए गए थे, उनके समेत 18 लोगों को ले जाकर बछरावां के दयानंद डिग्री कॉलेज में कोरेंटाइन कर दिया गया है। प्रभारी स्वास्थ्य अधीक्षक डॉक्टर भावेश कुमार ने बताया कि, कैर गांव के सभी मजरो कटरा, कोरचक, पंडित का पुरवा, उदई का पुरवा, पूरे भारत सहित 1 किलोमीटर की परिधि में आने वाले सभी लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण किया जाएगा। इसके लिए 60 शिक्षकों 30 आशा बहुओं की 90 लोगों की 21 टीमें बनाकर कार्य शुरू कर दिया गया है।
      उन्होंने बताया कि, गांव में 68 लोगों के बाहर से आने की सूचना के अनुरूप सबको गांव पहुंचने से पहले प्रारंभिक जांच कर ली गई थी, अब पुन: जांच की जा रही है। प्रधान गंगाराम पासी ने बताया कि,  प्रशासन के निर्देश पर पूरे गांव के 27 रास्तों को बंद करा दिया गया है। यह पूछे जाने पर कि, जब गांव से कोई बाहर आ जा नहीं सकेगा, तो रोजमर्रा में प्रयोग होने  की वस्तुओं के बारे में क्या व्यवस्था की जा रही है, तो प्रधान ने बताया कि, अधिकारियों के साथ मिलकर इस समस्या का कोई न कोई हल निकाला जाएगा।

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