वैश्विक शांति और सद्भावना का प्रवेश द्वार है योग-प्रभात साहू।। Raebareli news ।।

रजनीकांत अवस्थी
महराजगंज/रायबरेली: योग न केवल शारीरिक स्वास्थ्य का उपचार करने में मदद करता है, बल्कि भावनात्मक और मानसिक सेहत भी सुधारता है। यह आपके जीवन में वर्षों को ही नहीं, आपके वर्षों में जीवन को भी जोड़ता है। उक्त उद्गार आज विश्व योगा दिवस के अवसर पर शारीरिक दूरी का पालन करते हुए अपने परिवार के साथ घर में योगा करने के उपरांत महराजगंज चेयरमैन पति व जिला पंचायत सदस्य प्रभात साहू ने इस संवाददाता से व्यक्त किए हैं।
    आपको बता दें कि, विश्व योगा दिवस के पूर्व देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोगों से कहा था कि रविवार को छठा अंतरराष्ट्रीय योगा दिवस परस्पर सुरक्षित दूरी के मापदंड का पालन करते हुए घर पर अपने परिवार के साथ ही मनाएं। यह संदेश प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक वीडियो संदेश के माध्यम से कहा था कि योग दिवस एक सार्वजनिक आयोजन होता है लेकिन यह असाधारण समय है और इस लिए हमें इसे अपने घर पर रहकर ही मनाना होगा, जिसका पालन करते हुए जिला पंचायत सदस्य व चेयरमैन पति प्रभात साहू ने महराजगंज के रंधावा रोड पर स्थित अपने आवास पर परिवार के साथ योग कर अंतरराष्ट्रीय योगा दिवस मनाया। योगा करने के उपरांत श्री साहू ने कहा कि, आज योग को वैश्वीकरण के सबसे सफल उत्पादों में से एक माना जाता है। यह मानव-चेतना और भलाई के लिए व्यापक रूप से मनाया जाने वाला त्योहार है।
     श्री साहू ने आगे कहा कि, धर्म और क्षेत्र से इतर योग का उत्सव दुनियाभर में आयोजित किया जाता है। आज यह सबसे धर्मनिरपेक्ष सूत्र है, जो स्वास्थ्य और खुशी के लिए विभाजित दुनिया को जोड़ता है। जब दुनिया बंटती है, तो योग लोगों, परिवार, समाज और देशों को साथ लाता है, इसके पास दुनिया में एकजुट करने वाली सबसे सबसे प्रभावशाली ताकत है।
     उन्होंने कहा कि, यह देखकर खुशी होती है कि, पश्चिम में योग सबसे ज्यादा इस्तेमाल की जाने वाली पूरक स्वास्थ्य पद्धति है, और दुनिया अपने जीवन में योग के फायदे को महसूस कर रही है। यूएस नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन द्वारा प्रकाशित रिपोर्ट में पाया गया कि, ध्यान के साथ योग करने से बुढ़ापे में देरी और कई बीमारियों को शुरुआत में ही रोकने में मदद मिलती है। योग का अभ्यास करने से व्यक्ति की मनोदशा और जीवन की अवधि भी बढ़ सकती है।
     श्री साहू ने आगे कहा कि, योग न केवल शारीरिक स्वास्थ्य का उपचार करने में मदद करता है, बल्कि भावनात्मक और मानसिक सेहत भी सुधारता है। यह आपके जीवन में वर्षों को ही नहीं, आपके वर्षों में जीवन को भी जोड़ता है। शोध के निष्कर्ष बताते हैं कि, योग का अभ्यास करने से आणविक परिवर्तन होते हैं। जो प्रतिरक्षा कोशिकाओं के प्रसार को भी प्रोत्साहित करता है। योग से अवसाद को कम करने में भी मदद मिलती है। योग हमेशा से स्वास्थ्य और शारीरिक शिक्षा का एक अभिन्न अंग रहा है।
     उन्होंने कहा कि, दुनिया ने स्वास्थ्य के प्रति एक समग्र दृष्टिकोण अपनाया है, और योग उपदेशात्मक शिक्षा के एक भाग के बजाय ‘प्रायोगिक ज्ञान’ का हिस्सा है। अमेरिका में सफलतापूर्वक इसे आधिकारिक खेल के रूप में स्वीकार करने के बाद चर्चा यह भी है कि, योग ओलंपिक में एक प्रतिस्पर्धी खेल के तौर पर शामिल हो सकता है।

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