मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के हाथ से प्रदेश की सत्ता निकल कर चली गई दुर्दांत अपराधियों के हाथ-अकेला

◆यूपी की सरकार पर अपराधियों का कब्जा आम नागरिक का जीना हुआ मुहाल-अकेला
◆पुलिस और पत्रकारों की भी हो रही है हत्याएं-अकेला
◆भ्रष्ट अधिकारी व पुलिस रिश्तेदारों और दलालों के माध्यम से चटका रहे अपना कारोबार-अकेला
◆प्रदेश की कानून व्यवस्था ध्वस्त भाजपा सरकार मस्त-अकेला
◆मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के हाथ से प्रदेश की सत्ता निकल कर चली गई दुर्दांत अपराधियों के हाथ-अकेला
रजनीकांत अवस्थी
महराजगंज/रायबरेली: पूर्व विधायक एवं सपा के वरिष्ठ नेता रामलाल अकेला ने आरोप लगाया है कि, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के हाथ से प्रदेश की सत्ता निकल कर दुर्दांत अपराधियों के हाथ में चली गई है। पूरे प्रदेश में इस समय भय और आतंक का वातावरण है। किसी भी व्यक्ति की सुरक्षा की कोई गारंटी नहीं है। यहां तक की सुरक्षा के लिए तैनात पुलिसकर्मी भी भय का जीवन जीने को मजबूर हैं। पूरा प्रदेश गुंडाराज में तब्दील हो गया है। व्यापारी, अधिकारी, किसान, पत्रकार, महिलाओं समेत समाज का हर वर्ग अपराधियों के डर के मारे कांप पर रहा है। लोगों का घर से बाहर निकलना दूभर हो गया है। पूरे प्रदेश में गरीबों और दलितों की जमीनों पर गुंडे और भूमाफिया कब्जा कर रहे हैं। वहीं लापरवाह पुलिस अधिकारी तथा प्रशासनिक अधिकारी दलालों के माध्यम से कारोबार चला रहे हैं।
   आपको बता दें कि, श्री अकेला ने पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए आगे कहा कि, आम आदमी कोरोना की महामारी से परेशान है। सरकार ना तो कोरोना पर लगाम लगा पा रही है और ना ही शहरों से पलायन करके गांव लौटे प्रवासी मजदूरों को रोजगार उपलब्ध करा पा रही है। प्रवासी मजदूर भूखों मरने को मजबूर हैं। पत्रकारों के ऊपर भी हमले हो रहे हैं। उनकी सरेआम हत्या की जा रही हैं। कानून व्यवस्था ध्वस्त है। अपराधी और माफिया मस्त हैं। श्री अकेला ने उक्त उद्गार पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ महामहिम राज्यपाल को प्रेषित ज्ञापन देने के समय उप जिलाधिकारी कार्यालय के समक्ष पत्रकार वार्ता को संबोधित करते करते हुए व्यक्त किए हैं।
   अकेला ने महामहिम राज्यपाल को 12 सूत्री ज्ञापन देते हुए मांग की है कि, कोरोना के रोकथाम के लिए अस्पतालों में ज्यादा से ज्यादा बेड और बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराएं, पीड़ित लोगों को सरकारी सहायता दी जाए, पेट्रोल और डीजल के बढ़े दाम कम किए जाए, अपराधियों के नियंत्रण के लिए कठोर कदम उठाए जाएं, स्वतंत्र और निर्भीक रूप से काम करने के लिए मीडिया कर्मियों की सुरक्षा व उनके जानमाल की हिफाजत की व्यवस्था की जाए।
    उन्होंने कहा कि, कोरोना के अलावा अन्य बीमारियों से ग्रसित लोगों के इलाज के लिए बेहतर सुविधा का इंतजाम किया जाए, किसानों को पर्याप्त मात्रा में यूरिया और डीएपी खाद मुहैया कराई जाए तथा किसानों को उनकी उपज के बकाया धन राशि का भुगतान अभिलंब कराया जाए, भ्रष्ट और निकम्मी पुलिस अधिकारियों को चिन्हित करके उन्हें फील्ड से हटाया जाए, बाढ़ की आशंका को देखते हुए सभी ड्रेनों की तत्काल सफाई कराई जाए, शिवगढ़ क्षेत्र के भवानीगढ़ से बहुधा, चुरुवा से सेहगों, तिलेंडा से हलोर, हलोर से सीवन, भवानीगढ़ से लाही बॉर्डर आदि जर्जर सड़कों को तुरंत ठीक कराया जाए। इसके अलावा श्री अकेला ने बिजली उपभोक्ताओं को मनमाने ढंग से भेजे जा रहे बिल पर आपत्ति जताते हुए मांग की है कि, बाकायदे इसकी एक कमेटी गठित करके जांच कराई जाए और बिजली उपभोक्ताओं को राहत दिलाया जाए।
    12वीं और अंतिम मांग में श्री अकेला ने तहसील मुख्यालयों पर पत्रकारों के लिए भवनों के निर्माण कराए जाने की भी मांग की है। वहीं ज्ञापन पढ़ने के बाद श्री अकेला के नेतृत्व में बछरावां ब्लाक प्रमुख विक्रांत अकेला, बछरावां विधानसभा अध्यक्ष राकेश त्रिवेदी उर्फ आलू महाराज आदि ने उप जिलाधिकारी विनय मिश्रा को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन प्राप्त करने के बाद उप जिलाधिकारी ने आश्वस्त किया कि, उचित माध्यम से उनका ज्ञापन महामहिम तक पहुंचाया जाएगा।
     इस मौके पर युवा सपा नेता सुधीर साहू, प्रधान प्रतिनिधि अभिषेक यादव, धीरज यादव, शीतला दीन यादव, कुलदीप कुमार, गया प्रसाद, बाबू चंद्र उर्फ लखनऊवा, लाल सिंह यादव, अनुज, सुनील कुमार, विवेक सिंह, भानु सिंह, महेंद्र सिंह यादव, शिव पलटन प्रधान, इश्तियाक खां, ओम नारायण मिश्र, कन्हैया लाल, भोला नाथ यादव, शैलेंद्र यादव, मोहम्मद वैस, सलमान शेख, मोहम्मद आदिल, मनमोहन मौर्य, अजीत, सरवर आदि लोग मौजूद रहे।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ