रजनीकांत अवस्थी
महराजगंज/रायबरेली: क्षेत्र के महराजगंज ड्रेन पर बघई अहिरवार गांव के पास लोक निर्माण विभाग द्वारा निर्माणाधीन पुल पर स्लैब डालने के लिए बांधी जा रही शटरिंग भरभरा कर ढह गई। शटरिंग के साथ कई मजदूर भी नैय्या नाला में जा गिरे, शटरिंग गिरने की आवाज सुनकर पास पड़ोस में काम कर रहे किसानों ने मौके पर पहुंचकर मलबे में दबे मजदूरों को बाहर निकाला, और तत्काल उन्हें एंबुलेंस के जरिए सीएचसी महराजगंज पहुंचाया गया। जहां एक मजदूर की हालत नाजुक देखते हुए उसे जिला अस्पताल रेफर किया गया है। वहीं दो मजदूरों को यहां भर्ती करके इलाज किया जा रहा है। मामले में विभाग की लापरवाही खुलकर सामने आई है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक स्लैब की शटरिंग बंधते वक्त विभाग का कोई जिम्मेदार अधिकारी मौजूद नहीं था। वहीं ठेकेदार के बारे में प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि, हादसा होते ही ठेकेदार मौके से भाग निकला। मामले की जानकारी मिलते ही स्थानीय प्रशासन और पुलिस मौके पर पहुंच गई, तथा लोगों की सहायता से मलबे की जेसीबी मशीन से सफाई भी कराई गई।
आपको बता दें कि, बघई अहिरवार गांव को आने जाने वाले रास्ते पर स्थाई पुल निर्माण की मांग बहुत पुरानी थी, इससे पहले गांव वालों ने आपसी सहयोग से चंदा एकत्र कर पुल बनवाया था, और यहां पर उसी पुल के स्थान पर लोगों की प्रबल मांग पर प्रदेश सरकार ने पुल निर्माण को मंजूरी देकर पैसा स्वीकृत कर दिया था। लोक निर्माण विभाग ने टेंडर आदि करवा कर पुल निर्माण शुरू करा दिया था। मौके पर पुल के सभी खंभे तैयार थे। स्लैब डाले जाने की तैयारी चल रही थी, और शटरिंग का काम जोरों पर था।
लोगों ने बताया कि, शटरिंग का काम ठेकेदार अपने ढंग से करवा रहा था, यह भी चर्चा है कि, खराब श्रेणी की सामग्री प्रयुक्त किए जाने से शटरिंग कमजोर थी। आज जब उस पर श्रमिक काम कर रहे थे, तभी शटरिंग की बल्लियां चरमरा कर टूट गई, और शटरिंग धड़ाम से नैय्या नाला में गिर गई। मौके पर कोहराम मच गया।
सबसे पहले ठेकेदार इस बड़ी दुर्घटना को भागते हुए मौके से भाग निकला। वहीं आसपास खेत खलिहान में काम कर रहे लोग दौड़े और मलबे में दबे मजदूरों को बाहर निकाला। घायलों में पंकज 32 पुत्र अमरनाथ निवासी सुलखियापुर थाना भदोखर, के अलावां लल्लन 20 पुत्र रामाधार निवासी मुर्शिदाबाद थाना डलमऊ के अलावा गांव बघई अहिरवार का रहने वाला आकाश 18 पुत्र गौरीशंकर को निकाला गया। जिनमें तीनों घायलों को एंबुलेंस के द्वारा सीएचसी महराजगंज लाया गया। जिनमें डॉक्टरों ने पंकज की हालत गंभीर देखते हुए उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया है। वहीं दो अन्य घायलों का इलाज सीएचसी महराजगंज में चल रहा है।
उधर घटना की जानकारी मिलते ही कोतवाली प्रभारी शरद कुमार भारी पुलिस बल लेकर मौके पर पहुंचे, और जेसीबी मंगवा कर मलबा साफ कराया। क्योंकि कुछ ग्रामीणों ने आशंका जताई थी कि, मलबे में और लोग भी दबे हो सकते हैं। लेकिन यह बात गलत निकली। पूरे क्षेत्र में लोक निर्माण विभाग की इस लापरवाही को लेकर लोगों में रोष व्याप्त है। गांव वालों का कहना है कि, इससे पहले जो अस्थाई जुगाड़ का पुल बना था। उसमें भी दुर्घटना होने के कारण एक व्यक्ति की जान चली गई थी।




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