ठंड का कहर जारी जनजीवन अस्त-व्यस्त।। Raebareli news ।।

रजनीकांत अवस्थी
 बछरावां/रायबरेली: बीते दस दिनों से चल रहे ठंड के प्रकोप से आम जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया है। घर से बाहर निकलना लोगों का दूभर हो गया है। इस भीषण ठंड में बाजारों के अंदर पूरी तरह सन्नाटा छाया रहता है। ग्राहक ना आने से दुकानदारों को भी अलाव के सहारे दिन गुजारने पड़ रहे है। बाजारों के अंदर जगह-जगह लोग अलाव का सहारा लेकर अपनी ठिठुरन मिटाते देखे जा रहे हैं। क्षेत्र के बाजारों में पूरी तरह सन्नाटा पसरा हुआ है सिर्फ गर्म कपड़ों की दुकानों पर चहल पहल  देखी जाती है। 
     आपको बता दें कि, 31 दिसंबर 2019 को दोपहर लगभग 2:00 बजे के करीब हल्की सी धूप दिखाई पड़ी लेकिन तेज हवा के कारण वह लोगों के लिए नाकाफी साबित हुई। पूरा दिन प्राइवेट संस्थानों से लेकर सरकारी कार्यालयों तक में भी सन्नाटा पसरा रहा। कहीं लोग आग के सहारे बैठे नजर आए तो कहीं आग को तलाशते हुए।
       इस हाड़ कंपकपाती ठंड में इंसान तो किसी तरह गुजर बसर कर रहा है। वहीं सबसे ज्यादा परेशान आवारा पशुओं को उठानी पड़ रही है यह आपको सड़कों के किनारे थरथर कांपते दिखाई दे जायेगे। 
     बुजुर्गों के मुताबिक काफी इस बार वर्षों के बाद दिसंबर महीने में इस तरह की भीषण ठंड का एहसास हुआ है। इसने अपने सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए। वहीं दिन प्रतिदिन बदलते मौसम को लेकर   किसानों मे भी असमंजस की स्थिति बनी हुई है। क्योंकि मौसम विभाग द्वारा 31 दिसंबर से लेकर 2 जनवरी के बीच भारी वर्षा की चेतावनी भी दी गई है। जिसके कारण किसान अपनी फसल में पानी नहीं लगा रहा है। 
      कस्बों के अलावा ग्रामीण क्षेत्रों में भी बेचारे गरीब आग का सहारा तलाशते नजर आ रहे हैं। मौसम के प्रकोप से इस भीषण ठंड में ग्रामीण ठिठुरते हुए नजर आए। गलीमत यह रही कि, प्रशासन ने नर्सरी से लेकर कक्षा 8 तक के विद्यालय बंद कर रखे हैं। लोगों का कहना है कि, इस प्रकार की ठंडी 50 सालों में नहीं पड़ी है। इस शीतलहर के कारण बुजुर्गों जानवरों और बच्चों का बुरा हाल है आमजनजीवन अस्त व्यस्त नजर आ रहा है।

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