प्राथमिकता पर फरियादियों की सुनवाई-श्रीराम
वर्षों से लटके कई मुकदमों में सुलह समझौता व आपसी दुश्मनी को भाईचारे में बदलवाकर बढ़ाया खाकी का मान
प्रशांत शर्मा
डलमऊ/रायबरेली: हक़ के रास्ते में अगर सारी क़ायनात भी तुम्हारे ख़िलाफ़ हो, तो भी तुम ये यक़ीन रखना कि, डलमऊ पुलिस आपके साथ है।
आपको बता दें कि, जी हां! हर इंसान पुलिस को गलत निगाह से देखता है। लेकिन जब इंसान को कोई काम पड़ता है, तो पुलिस के पास जाता है। कुछ लोग अपने स्वार्थ के चक्कर में पुलिस की छवि को धूमिल करने में लगे रहते हैं। लेकिन उन लोगों को यह नहीं पता कि, पुलिस वाले अपने घर परिवार को छोड़कर 24 घंटे ड्यूटी, हम लोगों की हिफाजत के लिए ही कर रहे हैं।
डलमऊ कोतवाली प्रभारी श्रीराम की अगर बात की जाए, तो उनकी कार्य करने की शैली बेहद निराली है। उन्होंने 40 साल से लड़ रहे मुकदमे में लोगों को अपनी वाणी से सुलह कराया है। यही नहीं कुछ मामले तो ऐसे थे, कि जिनमें पति पत्नी एक साथ रहना नहीं चाहते थे। भाई भाई एक दूसरे को देखते ही लड़ाई झगड़े पर आमादा हो जाते थे, इस तरह के भी मामले कोतवाली प्रभारी श्रीराम ने हल करवा कर खाकी के लिए एक मिसाल कायम किया है। जो डलमऊ कस्बे वासियों के लिए ही नहीं बल्कि पूरे जनपद के लिए गर्व की बात है।
वहीं संभ्रांत लोगों की बात की जाए, तो लोगों का मत है कि, कोतवाली प्रभारी श्रीराम के जैसा अब दोबारा डलमऊ की नगरी में ऐसा अधिकारी नहीं आएगा, जो मेहनत के साथ साथ सबको इज्जत से सम्मान देकर बैठ आते हैं और फिर फरियाद सुनकर उसका निस्तारण भी करते हैं।
वहीं कुछ अराजक तत्व व उपद्रवी किस्म के लोगों ने अपने स्वार्थ के चक्कर में कोतवाली परिसर के पीछे खाली बोतलों को एकत्र करा कर पुलिस की किरकिरी कराना चाहा, लेकिन कप्तान की नजरों में साफ-सुथरी छवि रखने वाले कोतवाल श्रीराम के सामने गंदी हरकत करने वाले, और ओछी मानसिकता रखने वाले लोगों के मंसूबों पर पानी फेर दिया। मन में किसी के प्रति स्वार्थ बस गंदी मानसिकता रखने वाले लोगों की बात की जाए, तो वह इससे पहले वाले कोतवालों को भी फंसाने तथा थाना परिसर में प्रदर्शन करने व अपनी चाल से लोगों को फंसाने में माहिर रहें हैं, लेकिन यहां औंधेमुंह की खानी पड़ी।
वहीं कोतवाल डलमऊ श्रीराम का कहना है कि, वे शासनादेश तथा अपने उच्च अधिकारियों के निर्देश पर हमेशा खरा उतरने का प्रयास करते हैं। पीड़ितों की मदद न्याय के पक्ष में रहना ही अपनी ड्यूटी मानते हैं। उन्होंने कहा कि, कुछ लोग षड्यंत्र के तहत उन्हें बदनाम करने की साजिश कर रहे हैं। जो अपने मकसद में कभी कामयाब नहीं होंगे।
वर्षों से लटके कई मुकदमों में सुलह समझौता व आपसी दुश्मनी को भाईचारे में बदलवाकर बढ़ाया खाकी का मान
प्रशांत शर्मा
डलमऊ/रायबरेली: हक़ के रास्ते में अगर सारी क़ायनात भी तुम्हारे ख़िलाफ़ हो, तो भी तुम ये यक़ीन रखना कि, डलमऊ पुलिस आपके साथ है।
आपको बता दें कि, जी हां! हर इंसान पुलिस को गलत निगाह से देखता है। लेकिन जब इंसान को कोई काम पड़ता है, तो पुलिस के पास जाता है। कुछ लोग अपने स्वार्थ के चक्कर में पुलिस की छवि को धूमिल करने में लगे रहते हैं। लेकिन उन लोगों को यह नहीं पता कि, पुलिस वाले अपने घर परिवार को छोड़कर 24 घंटे ड्यूटी, हम लोगों की हिफाजत के लिए ही कर रहे हैं।
डलमऊ कोतवाली प्रभारी श्रीराम की अगर बात की जाए, तो उनकी कार्य करने की शैली बेहद निराली है। उन्होंने 40 साल से लड़ रहे मुकदमे में लोगों को अपनी वाणी से सुलह कराया है। यही नहीं कुछ मामले तो ऐसे थे, कि जिनमें पति पत्नी एक साथ रहना नहीं चाहते थे। भाई भाई एक दूसरे को देखते ही लड़ाई झगड़े पर आमादा हो जाते थे, इस तरह के भी मामले कोतवाली प्रभारी श्रीराम ने हल करवा कर खाकी के लिए एक मिसाल कायम किया है। जो डलमऊ कस्बे वासियों के लिए ही नहीं बल्कि पूरे जनपद के लिए गर्व की बात है।
वहीं संभ्रांत लोगों की बात की जाए, तो लोगों का मत है कि, कोतवाली प्रभारी श्रीराम के जैसा अब दोबारा डलमऊ की नगरी में ऐसा अधिकारी नहीं आएगा, जो मेहनत के साथ साथ सबको इज्जत से सम्मान देकर बैठ आते हैं और फिर फरियाद सुनकर उसका निस्तारण भी करते हैं।
वहीं कुछ अराजक तत्व व उपद्रवी किस्म के लोगों ने अपने स्वार्थ के चक्कर में कोतवाली परिसर के पीछे खाली बोतलों को एकत्र करा कर पुलिस की किरकिरी कराना चाहा, लेकिन कप्तान की नजरों में साफ-सुथरी छवि रखने वाले कोतवाल श्रीराम के सामने गंदी हरकत करने वाले, और ओछी मानसिकता रखने वाले लोगों के मंसूबों पर पानी फेर दिया। मन में किसी के प्रति स्वार्थ बस गंदी मानसिकता रखने वाले लोगों की बात की जाए, तो वह इससे पहले वाले कोतवालों को भी फंसाने तथा थाना परिसर में प्रदर्शन करने व अपनी चाल से लोगों को फंसाने में माहिर रहें हैं, लेकिन यहां औंधेमुंह की खानी पड़ी।
वहीं कोतवाल डलमऊ श्रीराम का कहना है कि, वे शासनादेश तथा अपने उच्च अधिकारियों के निर्देश पर हमेशा खरा उतरने का प्रयास करते हैं। पीड़ितों की मदद न्याय के पक्ष में रहना ही अपनी ड्यूटी मानते हैं। उन्होंने कहा कि, कुछ लोग षड्यंत्र के तहत उन्हें बदनाम करने की साजिश कर रहे हैं। जो अपने मकसद में कभी कामयाब नहीं होंगे।


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