श्रीमद् भागवत कथा के तीसरे दिन सती चरित्र व ध्रुव की कथाएं सुन श्रोता हुए मंत्र मुग्ध

रजनीकांत अवस्थी

रायबरेली: क्षेत्र के पहाड़पुर खेड़ा पोस्ट अटौरा गांव में आनंद मिश्रा द्वारा संकल्पित श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन बुधवार को वृंदावन धाम से आए कथा व्यास भागवतोपासक वागिश रामचंद्र दास जी महाराज ने ध्रुव चरित्र, सती अनसुईया चरित्र, सती चरित्र जैसी अनेक कथाओं का व्याख्यान किया। कथा व्यास ने बताया कि, ध्रुव ने अपनी भक्ति के द्वारा भगवान को प्रसन्न किया, और देव दुर्लभ ध्रुव पद को प्राप्त किया। 

      आपको बता दें कि, कथा व्यास ने कहा कि, महाराज ध्रुव ने 36000 वर्षों तक पृथ्वी पर शासन किया और अंत में मृत्यु के सिर पर अपने चरण रखकर भगवान के परमधाम को प्राप्त हुए। कथा व्यास ने बताया कि, भगवान शिव के मना करने पर भी माता सती प्रजापति दक्ष के यज्ञ में गई और वहां पर भगवान शिव का भाग ना देख करके योगाग्नि के द्वारा अपनी देह को यज्ञशाला में ही भस्म कर दिया।

       महराजगंज क्षेत्र के ग्राम सभा जिहवा के रहने वाले आनंद मिश्रा द्वारा संकल्पित तीसरी श्रीमद् भागवत कथा का आयोजन पहाड़पुर खेड़ा पोस्ट अटौरा गांव से प्रारंभ किया। आनंद मिश्रा ने बताया कि, हर दूसरे महीने अलग-अलग स्थानो पर उनके द्वारा संकल्पित श्रीमद् भागवत कथा का आयोजन किया जा रहा है।

       कथा व्यास ने बताया कि, माता अनसुईया के जैसा परम् सती इस ब्रह्मांड में कोई नहीं हुआ जिनके पुत्र स्वयं ब्रह्मा, विष्णु, महेश हुए। व्यास ने प्रसंग पर कथा कहते हुए पंडाल में उपस्थित समस्त श्रोताओं को मंत्र मुग्ध कर दिया।

      इस मौके पर रजनीश पाल यजमान, रामकुमार पाल (प्रधान) हरचंदपुर विधायक राहुल लोधी, राकेश पाल, भिखूराम पाल, श्रीपाल, शिव मोहन सिंह, जितेन सिंह, दुखहरण सिंह, हर्षित सिंह, महेश भारती, सचिन वर्मा, दिनेश पाल, प्रेम कुमार पाल, राम केवल पाल, सतीश पाल, राजेंद्र पाल, जंग बहादुर कुशवाहा सहित भारी संख्या में भक्तगण उपस्थित रहे।

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