कथित व्यापारी नेता और उसकी पत्नी की असलियत हुई उजागर।। Raebareli news ।।

सार..........

●कोतवाल रेखा सिंह के ट्रांसफर कराने का अपराधियों और दलालों से ले रखा है मोटी रकम का ठेका।

●कोतवाल रेखा सिंह के समर्थन में उमड़ रहे हैं क्षेत्र के हजारों लोग।

●आवश्यकता पड़ी तो पुलिस अधीक्षक से मिलने जा सकते हैं क्षेत्र के दर्जनों जनप्रतिनिधि व बड़ी तादात में ग्राम प्रधान।

●कोतवाल रेखा सिंह पर लगाए जा रहे मिथ्या आरोपों की दीवाल जल्द होगी धराशाही।

विस्तार..........

शिवाकांत अवस्थी

महराजगंज/रायबरेली: मित्रों एक पुरानी कहावत है कि, जंगल में एक सियार पानी पीने गया था, और धोखे से नील से भरे पानी के हौद में अचानक गिर पड़ा, किसी तरह जान बचाकर निकला, तो उसका पूरा शरीर नील के कारण नीला हो गया था। फौरन उसके खुराफाती दिमाग में एक तरकीब सूझी, और उसने अन्य जानवरों में यह कहकर प्रचार शुरू कर दिया कि, ऊपर वाले ने उसको रंग बदल कर जंगल का राजा घोषित कर दिया है। फिर क्या था! इस प्रभाव में आकर जानवरों ने उसकी सेवा पूँजा करनी शुरू कर दी, और चंद दिनों में ही मुफ्त का माल खाकर कर वह मोटा हो गया। अचानक एक दिन तेज बारिश हुई, जिससे उसका नील चढ़ा रंग उतर गया, तथा वह अपने असली रूप में आ गया। यह देख जानवरों ने उसे दुत्कारते हुए उसकी जमकर मरम्मत की। यह लघु कथा महराजगंज के एक तथाकथित व्यापारी नेता पर ठीक चरितार्थ होती है, जो स्वयंभू व्यापार मंडल का अध्यक्ष बना हुआ है, साथ ही साथ कुछ समाचार पत्रों के वितरण का भी काम उसने ले रखा है। इन दोनों वजहों से अपराधिक प्रवृति का यह व्यापारी नेता अक्सर थाने के चक्कर लगा-लगा कर मासूम व्यापारियों तथा कस्बे के रहने वाले कुछ गरीब तबके के लोगों को गुमराह कर पुलिस के नाम पर ठगता रहता है। अक्सर देखा यह जाता है कि, कोई ऐसा दिन नहीं बीतता जबकि वह थाने के एक दो चक्कर न लगा ले। व्यापारी नेता के साथ साथ उसकी पत्नी की भी कहानी कुछ कम नहीं है। आए दिन गरीबों पर फर्जी शिकायत दर्ज कराना। झूठे मुकदमे लिखाना और तो और अपनी सास ननंद और पति तक पर प्रताड़ना और उलाहना के आरोप लगाना उसका स्वभाव बन गया है।


Farmers Protest_ जंतर मंतर पर Kisan Sansad शामिल हुए 200 किसान सुरक्षा के हैं यह इंतजाम।

    आपको बता दें कि, जब से जनपद के लोकप्रिय कर्मठ ईमानदार युवा कप्तान ने महराजगंज कोतवाली में तेजतर्रार कोतवाल रेखा सिंह को तैनात किया है। कोतवाल की तैनाती के चंद दिनों के अंदर ही दलालों अपराधियों और जालसाजों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया। इससे बेरोजगार हो गए ऐसी प्रवृत्ति के लोगों में खलबली मच गई है, और कोतवाल को बदनाम करने के लिए कुछ ना कुछ षड्यंत्र नित्य प्रति रचा जाता है। लेकिन कोतवाल की पकड़ आम जनता में इतनी अच्छी हो गई है कि, फर्जी शिकायत करने वालों को पनाह देने वाला कोई नहीं मिलता।

लखनऊ_जासूसी मुद्दे पर विरोध से पहले यूपी कांग्रेस अध्यक्ष को पुलिस ने हिरासत में लिया

    ताजी घटना महराजगंज कस्बे से जुड़ी है। एक कथित व्यापारी नेता और उसकी पत्नी ने कई मामलों में गलत पक्ष की पैरवी थाने में जाकर की, जिसका प्रतिवाद उभय पक्षों ने थाने में ही किया। इनमें एक मामला व्यापारी नेता की पत्नी की बहन और जेठानी के मध्य एक छोटी सी बात को लेकर शुरू हुआ। आदत के अनुसार व्यापारी नेता की पत्नी आनन फानन एक पक्ष की ओर से कोतवाली पहुंची और वहां जाकर बखेड़ा मचाना शुरू कर दिया। कोतवाल के सामने जब मामला प्रस्तुत हुआ तो दूसरे पक्ष ने सीधा आरोप लगाया कि, उनका और उनकी देवरानी से कोई विवाद नहीं है, विवाद कराने वाली व्यापारी नेता की पत्नी ही हैं। इन्हें थाने से निकाल दिया जाए, तो हम देवरानी जेठानी जो भी फैसला होगा मान लेंगी।

    कोतवाल रेखा सिंह ने मामले की नजाकत को समझते हुए कथित व्यापारी नेता की पत्नी को यह कहते हुए की, आप थाने से बाहर चली जाएं, हम केस सुलझा देंगे। इसी बात को लेकर व्यापारी नेता की पत्नी भाग गई, और उन्होंने मीडिया के माध्यम से ऊल जलूल कोतवाल रेखा सिंह पर मिथ्या आरोप लगाने शुरू कर दिए। एक छोटी सी बात पर एक न्याय प्रिय और कर्मठ कोतवाल के तबादले की मांग भी होने लगी। इस विषय में हमारे संवाददाता ने गहराई से छानबीन की, तो पता चला कि, कुछ समाज विरोधी अपराधिक प्रवृति के तत्वों और दलालों ने जिनकी दाल गल नहीं रही है, उन्होंने व्यापारी नेता के साथ दूरभि-संधि करके एक सौदा भी तय किया है कि, किसी तरह इस ईमानदार और निष्पक्ष तथा न्याय प्रिय कोतवाल को बदनाम कर हटवा दिया जाए, तो एक अच्छी खासी धनराज व्यापारी नेता को दी जाएगी। मोटी रकम की लालच में आकर व्यापारी नेता ने इस षड्यंत्र को अंजाम दिया। यही नहीं उसने इस क्रम में अपनी लालची प्रवृति की पत्नी को भी शामिल कर लिया है।

   आपको यह भी बता दें कि, मामले की गहराई से जांच की गई तो पता चला कि, व्यापारी नेता की पत्नी ने मोहल्ले के ही एक सीधे-साधे आदमी के खिलाफ जानलेवा हमला मारपीट गाली गलौज जैसी गंभीर आपराधिक धाराओं फर्जी रिपोर्ट इस कारण दर्ज करा दी कि, वह दूसरे पक्ष से जो धनराशि मांग रही थी, वह धनराशि दूसरे पक्ष ने नहीं दी। दबाव के चलते पुलिस ने मुकदमा तो दर्ज कर लिया, लेकिन विवेचना में असलियत सामने आई तो कई धाराओं को पुलिस को हटाना पड़ा। इसके अलावा व्यापारी नेता की पत्नी घर में भी पारिवारिक कलह मचाए रहती है। प्रायः लड़ाई झगड़े और गाली गलौज शोरगुल से पड़ोसियों का जीना हराम है। व्यापारी नेता की पत्नी कैसी है, उसके लिए केवल उसकी सास और ननद से जानकारी कर ली जाए इतना ही काफी है। इसके अलावा तथाकथित व्यापारी नेता के विरुद्ध लगभग आधा दर्जन आपराधिक मुकदमे थाना कोतवाली महराजगंज में दर्ज है। कई बार गैर जमानती वारंट तक थाने आते हैं, लेकिन खुराफाती व्यापारी नेता गिरफ्तार होने से बच जाता है।

   लोगों में चर्चा का विषय है कि, इस बार व्यापारी नेता का पाला एक ईमानदार युवा निष्पक्ष न्याय प्रिय कर्मठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार की मातहत रेखा सिंह से पड़ा है। एसपी श्लोक कुमार के बारे में पहले से ही कहा जाता है कि, वह किसी राजनीतिक या अन्य दबाव के तहत कतई काम नहीं करते हैं, जो सही होता है वही होता है। मामले में क्षेत्र के संभ्रांत लोगों का कहना है कि, कुख्यात तथाकथित व्यापारी नेता के क्रियाकलापों और उसकी पत्नी के आचरण की निष्पक्ष जांच करा ली जाए, तो जांच में दूध का दूध पानी का पानी साफ हो जाएगा।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ