रजनीकांत अवस्थी
महराजगंज/रायबरेली: शनिवार की शाम क्षेत्र में आए आंधी और बरसात के चलते सामान्य जनजीवन पर बुरा असर पड़ा। तेज आंधी की वजह से पूरी विद्युत आपूर्ति व्यवस्था छिन्न-भिन्न हो गई, जो अभी तक बहाल नहीं हो सकी है। तो वहीं आंधी की वजह से बड़े-बड़े पेड़ धरा शाही हो गए। एक प्राचीन शिव मंदिर की बाउंड्रीवाल व मंदिर का कुछ हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया। वहीं पेड़ का सड़क के बीचोंबीच आ गिरने से घंटों आवागमन बाधित रहा, इसके अलावा विद्युत गुल रहने से महराजगंज कस्बा सहित इलाके की तमाम ग्रामीण पेयजल समूह योजनाओं के तहत जलापूर्ति ठप हो गई। लोग पानी के लिए तरस गए। समाचार लिखे जाने तक विद्युत आपूर्ति व्यवस्था बहाल नहीं हो सकी थी, उधर बिजली पावर कारपोरेशन के अधिकारियों ने दावा किया है कि, काम युद्ध स्तर पर चल रहा है। जल्द ही विद्युत आपूर्ति बहाल कर देंगे।
आपको बता दें कि, शनिवार की शाम आए भीषण आंधी से व्यापक नुकसान पहुंचा है। महराजगंज से इन्हौना जाने वाली सड़क पर रानी के पुरवा में शिव मंदिर परिसर में लगा विशालकाय जामुन का पेड़ जड़ से उखड़ कर गिर गया। जिससे मंदिर की दीवारें व मुख्य भवन का काफी हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया है।
तो वहीं पेड़ का तना महराजगंज इन्हौना रोड पर आ गिरा था। जिससे लगभग 5 घंटे तक सड़क पर आवागमन बाधित रहा। वन विभाग के अधिकारियों ने प्रयास करके पेड़ को कटवा कर हटवाया। तब जाकर आवागमन बहाल हो सका।
उधर आंधी तूफान की वजह से बछरावां 132 केबी महराजगंज आने वाली विद्युत लाइन में जगह-जगह तारों पर पेड़ गिर पड़े हैं, जिससे विद्युत व्यवस्था बाधित हो गई। इसी के चलते महराजगंज ग्रामीण, महाराजगंज तहसील, चन्दापुर विद्युत उपकेंद्र पर विजली गुल रही। विद्युत कर्मियों के मुताबिक क्षेत्र भर में 60 से अधिक विद्युत पोल टूटने की खबर मिली है। जिससे पूरी आपूर्ति व्यवस्था पटरी से उतर गई है।
इसका परिणाम यह रहा कि, पूरी रात इलाके भर में अंधेरा छाया रहा। सुबह लोगों को विद्युत पेयजल आधारित ग्रामीण पेयजल समूह योजनाओं के नलकूपों के न चलने से पेयजल मयस्सर नहीं हुआ। लोग हैंडपंपों पर लाइन लगाकर पानी भरते देखे गए। वहीं जगह-जगह छप्परों के उड़ने, टीनों के क्षतिग्रस्त होने और कच्ची दीवारों के गिरने तथा पेड़ों के उखड़ने की घटनाएं भी हुई है।
मामले में बात करने पर विद्युत विभाग के एसडीओ आशीष कुमार श्रीवास्तव का कहना है कि, फॉल्ट आए स्थानों को चिन्हित कर लिया गया है, तथा उनके सुधार का कार्य चल रहा है। अभिलंब विद्युत आपूर्ति चालू कराई जाएगी। जहां पर खम्भे टूटे हैं, वहां की रिपोर्ट भेजकर नए खंभे लगवाए जाएंगे।
महराजगंज/रायबरेली: शनिवार की शाम क्षेत्र में आए आंधी और बरसात के चलते सामान्य जनजीवन पर बुरा असर पड़ा। तेज आंधी की वजह से पूरी विद्युत आपूर्ति व्यवस्था छिन्न-भिन्न हो गई, जो अभी तक बहाल नहीं हो सकी है। तो वहीं आंधी की वजह से बड़े-बड़े पेड़ धरा शाही हो गए। एक प्राचीन शिव मंदिर की बाउंड्रीवाल व मंदिर का कुछ हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया। वहीं पेड़ का सड़क के बीचोंबीच आ गिरने से घंटों आवागमन बाधित रहा, इसके अलावा विद्युत गुल रहने से महराजगंज कस्बा सहित इलाके की तमाम ग्रामीण पेयजल समूह योजनाओं के तहत जलापूर्ति ठप हो गई। लोग पानी के लिए तरस गए। समाचार लिखे जाने तक विद्युत आपूर्ति व्यवस्था बहाल नहीं हो सकी थी, उधर बिजली पावर कारपोरेशन के अधिकारियों ने दावा किया है कि, काम युद्ध स्तर पर चल रहा है। जल्द ही विद्युत आपूर्ति बहाल कर देंगे।
आपको बता दें कि, शनिवार की शाम आए भीषण आंधी से व्यापक नुकसान पहुंचा है। महराजगंज से इन्हौना जाने वाली सड़क पर रानी के पुरवा में शिव मंदिर परिसर में लगा विशालकाय जामुन का पेड़ जड़ से उखड़ कर गिर गया। जिससे मंदिर की दीवारें व मुख्य भवन का काफी हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया है।
तो वहीं पेड़ का तना महराजगंज इन्हौना रोड पर आ गिरा था। जिससे लगभग 5 घंटे तक सड़क पर आवागमन बाधित रहा। वन विभाग के अधिकारियों ने प्रयास करके पेड़ को कटवा कर हटवाया। तब जाकर आवागमन बहाल हो सका।
उधर आंधी तूफान की वजह से बछरावां 132 केबी महराजगंज आने वाली विद्युत लाइन में जगह-जगह तारों पर पेड़ गिर पड़े हैं, जिससे विद्युत व्यवस्था बाधित हो गई। इसी के चलते महराजगंज ग्रामीण, महाराजगंज तहसील, चन्दापुर विद्युत उपकेंद्र पर विजली गुल रही। विद्युत कर्मियों के मुताबिक क्षेत्र भर में 60 से अधिक विद्युत पोल टूटने की खबर मिली है। जिससे पूरी आपूर्ति व्यवस्था पटरी से उतर गई है।
इसका परिणाम यह रहा कि, पूरी रात इलाके भर में अंधेरा छाया रहा। सुबह लोगों को विद्युत पेयजल आधारित ग्रामीण पेयजल समूह योजनाओं के नलकूपों के न चलने से पेयजल मयस्सर नहीं हुआ। लोग हैंडपंपों पर लाइन लगाकर पानी भरते देखे गए। वहीं जगह-जगह छप्परों के उड़ने, टीनों के क्षतिग्रस्त होने और कच्ची दीवारों के गिरने तथा पेड़ों के उखड़ने की घटनाएं भी हुई है।
मामले में बात करने पर विद्युत विभाग के एसडीओ आशीष कुमार श्रीवास्तव का कहना है कि, फॉल्ट आए स्थानों को चिन्हित कर लिया गया है, तथा उनके सुधार का कार्य चल रहा है। अभिलंब विद्युत आपूर्ति चालू कराई जाएगी। जहां पर खम्भे टूटे हैं, वहां की रिपोर्ट भेजकर नए खंभे लगवाए जाएंगे।




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